विभागीय भूमि पर कब्जा करने वालों पर नकेल कसने की तैयारी की डॉ महेंद्र सिंह ने

वेबवार्ता (न्यूज एजेंसी)/अजय कुमार वर्मा
लखनऊ। उ0प्र0 के जलशक्ति मंत्री डाॅ0 महेन्द्र सिंह ने प्रदेश के समस्त मुख्य अभियंताओं को सिंचाई विभाग की भूमि तथा सरकारी गेस्ट हाउसों पर अवैध कब्जेदारों की नाम सहित सूची उपलब्ध कराने के निर्देश दिये हैं। इसके साथ ही सभी पुल व पुलियों की मरम्मत, रंगाई- पुताई, पुलियों तथा पुल के नीचे की सिल्ट सफाई एवं नहरों को पूरी क्षमता से चलाकर टेल तक पानी पहुंचाने की हिदायत दी। उन्होंने कहा कि किसान राज्य सरकार की प्राथमिकताओं में है, इसलिए सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी किसान के अंतिम खेत तक पहुंचना चाहिए। इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही को गंभीरता से लिया जायेगा और संबंधित अधिकारी को जवाबदेही तय करते हुए कठोर कार्यवाही की जायेगी। 


जलशक्ति मंत्री ने कहा कि सिंचाई विभाग प्रदेश का सबसे पुराना विभाग है। इसकी पूरी सम्पत्तियों एवं संसाधनों का रिकार्ड होना चाहिए। इसके साथ ही नहर की जमीन पर अवैध कब्जा को हटाने के साथ ही भूमि का पट्टा किसी को नहीं दिया जाना चाहिए। उन्होंने नहर प्रणालियों के पुराने गेटों की मरम्मत करने के भी निर्देश दिये। उन्होंने डिस्प्ले बोर्ड पर सींचपाल व संबंधित अधिकारी का नाम, मोबाइल नंबर, नहर की लंबाई आदि विवरण दर्ज करने को भी कहा। इसके साथ ही सिंचाई विभाग का ''लोगो'' भी दर्शाने के निर्देश दिए। उन्होंने अभियंताओं को एक बार फिर सम्पूर्ण नहर प्रणालियों का निरीक्षण करके अवशेष कार्यों को 31 दिसम्बर तक पूरा करने की हिदायत दी।