डी0जी0पी0 ने पंजीकृत अभियोगों की निष्पक्ष विवेचना के सम्बन्ध में दिये आवश्यक दिशा-निर्देश दिए 


वेबवार्ता(न्यूज़ एजेंसी)/अजय कुमार वर्मा  
लखनऊ 23 दिसम्बर। पुलिस महानिदेशक, उ0प्र0 द्वारा सी0ए0ए0 के विरोध में घटित घटनाओं में पंजीकृत अभियोग की निष्पक्ष विवेचना के सम्बन्ध में दिये आवश्यक दिशा-निर्देश ओ0पी0 सिंह, पुलिस महानिदेशक, उ0प्र0 द्वारा समस्त जोनल अपर पुलिस महानिदेशक, परिक्षेत्रीय पुलिस महानिरीक्षक/पुलिस उपमहानिरीक्षक, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक/पुलिस अधीक्षक व प्रभारी जनपद उ0प्र0 को उक्त प्रकरण में पंजीकृत अभियोगों की गुणवत्तापरक विवेचना के सम्बन्ध में मुख्यतः निम्न आवश्यक दिशा-निर्देश दिये:-
ऽ पंजीकृत अभियोगों की निष्पक्ष एवं गुणवत्तापरक विवेचना की जाय।
ऽ पंजीकृत अभियोंगो के संबंध में किसी भी दशा में निर्दोष व्यक्ति का उत्पीड़न न किया जाय।
ऽ सम्प्रति साक्ष्य संकलन कर  उपद्रवियों की गिरफ्तारी एवं षडयंत्रकारियों के विरूद्ध कार्यवाही की प्रक्रिया विधिक एवं प्रभावी ढंग से की जाय।
ऽ प्रदेश के प्रत्येक जनपद में अपर पुलिस अधीक्षक अपराध या अन्य अपर पुलिस अधीक्षक के नेतृत्व में कुशल विवेचकों के माध्यम से विवेचनायें निस्तारित की जाय। 
ऽ वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक/पुलिस अधीक्षक, परिक्षेत्र एवं जोन के अधिकारी सम्यक, पारदर्शी विवेचना के पर्यवेक्षण हेतु उत्तरदायी हांेगे।